दैनिक हिंदू पंचांग व मुहूर्त
सूर्योदय और सूर्यास्त, दिन की तिथि, नक्षत्र, योग और करण, राहुकाल और चौघड़िया, जो हर दिन मंदिर के अपने स्थान के लिए गणना किए जाते हैं।
फाल्गुन कृष्ण तृतीया
मास के नाम गुजरात में प्रचलित अमांत पंचांग (अमावस्या से अमावस्या) के अनुसार हैं।
- सूर्योदय7:01 am
- सूर्यास्त7:04 pm
- तिथिकृष्ण तृतीया7:35 pm तक, फिर चतुर्थी
- नक्षत्रचित्रा2:48 pm तक, फिर स्वाति
- योगध्रुव3:44 pm तक, फिर व्याघात
- करणविष्टि (भद्रा)7:35 pm तक, फिर बव
- चंद्र राशितुला
- सूर्य राशिमीन
आज के मुहूर्त
- शुभब्रह्म मुहूर्त5:25 am – 6:13 am
- शुभअभिजित मुहूर्त12:38 pm – 1:26 pm
- नए कार्य के लिए वर्जितराहुकाल8:31 am – 10:01 am
- नए कार्य के लिए वर्जितयमगण्ड11:32 am – 1:02 pm
- नए कार्य के लिए वर्जितगुलिक काल2:32 pm – 4:03 pm
राहुकाल, यमगण्ड और गुलिक काल में परंपरागत रूप से नया कार्य, यात्रा और ख़रीदारी आरंभ नहीं की जाती; दैनिक पूजा सामान्य रूप से चलती रहती है।
चौघड़िया
दिन और रात, दोनों को आठ-आठ चौघड़ियों में बाँटा जाता है। अमृत, शुभ और लाभ शुभ माने जाते हैं, चर सामान्य है, और उद्वेग, काल व रोग में महत्वपूर्ण कार्य टाले जाते हैं।
| दिन का चौघड़िया | समय | स्वभाव |
|---|---|---|
| अमृत | 7:01 am – 8:31 am | शुभ |
| काल | 8:31 am – 10:01 am | अशुभ |
| शुभ | 10:01 am – 11:32 am | शुभ |
| रोग | 11:32 am – 1:02 pm | अशुभ |
| उद्वेग | 1:02 pm – 2:32 pm | अशुभ |
| चर | 2:32 pm – 4:03 pm | सामान्य |
| लाभ | 4:03 pm – 5:33 pm | शुभ |
| अमृत | 5:33 pm – 7:04 pm | शुभ |
| रात का चौघड़िया | समय | स्वभाव |
|---|---|---|
| चर | 7:04 pm – 8:33 pm | सामान्य |
| रोग | 8:33 pm – 10:03 pm | अशुभ |
| काल | 10:03 pm – 11:32 pm | अशुभ |
| लाभ | 11:32 pm – 1:02 am | शुभ |
| उद्वेग | 1:02 am – 2:31 am | अशुभ |
| शुभ | 2:31 am – 4:01 am | शुभ |
| अमृत | 4:01 am – 5:30 am | शुभ |
| चर | 5:30 am – 7:00 am | सामान्य |
अगले 30 दिनों के उत्सव
अगले 30 दिनों में कोई उत्सव सूचीबद्ध नहीं है।
मंदिर (22.24° उ., 68.97° पू.) के लिए भारतीय मानक समय में गणना। समय अनुमानित हैं (कुछ मिनटों के भीतर) और छपे हुए पंचांगों से थोड़ा भिन्न हो सकते हैं; संस्कारों और अनुष्ठानों के मुहूर्त के लिए कृपया मंदिर के पुजारियों से परामर्श करें।